राष्ट्रवाद के उत्थान में महिलाओं की भूमिका

  • भारत गौतम शोधछात्र-इतिहास सिद्धार्थ विश्वविद्यालय, कपिलवस्तु, सिद्धार्थनगर
  • सच्चिदानन्द चैबे आर्चाय सहायक- इतिहास, सिद्धार्थ विश्वविद्यालय, कपिलवस्तु, सिद्धार्थनगर
Keywords: आन्दोलन, राष्ट्रहित, जागृति, असमानता, संघर्ष, सशक्तिकरण, प्रगतिशीलता।

Abstract

राष्ट्रीय आन्दोलन में महिलाओं की भूमिका का इतिहास बड़ा ही महत्त्वपूर्ण है। महिलाओं की राष्ट्रीय आन्दोलन में देश के सभी क्षेत्रों की महिलाओं की भूमिका रही है। स्वदेशी आन्दोलन ने भारतीय राष्ट्रवादी आन्दोलन की भागीदारी को अत्यधिक उत्प्रेरित किया था। शिक्षा, महिला संगठनों एवं बढ़ती राजनीतिक भागीदारी के माध्यम से महिलाओं के जीवन में महत्त्वपूण परिवर्तन आया है। राष्ट्रवादी संघर्ष के समय महिलाओं ने बड़े जोश के साथ सभी आन्दोलन और प्रदर्शनों में प्रतिभाग किया। उन्होंने अपने राजनीतिक संघों का भी गठन किया और यथासम्भव अधिक से अधिक राजनीतिक बैठकों में प्रतिभाग किया। महिलाओं ने भी उदार आन्दोलन में भी भाग लिया था।

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Published
2024-12-30
How to Cite
गौतमभ., & चैबेस. (2024). राष्ट्रवाद के उत्थान में महिलाओं की भूमिका. Humanities and Development, 19(04), 49-52. Retrieved from https://humanitiesdevelopment.com/index.php/had/article/view/240